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कश्मीरी सेब CLASS VI ICSE

Chapter-2

संक्षिप्त  उत्तरीय  प्र

Short question answer

१ =  पाठ में कहां के सेब की बात कहीं गई हैं ?

उ० = पाठ में कश्मिर के सेब की बात कही गई हैं।

२ = पाठ में आम की कौनकौन सी किस्में बताई गई हैं ?

उ० = पाठ में आम कीलँगड़े, दशहरी, अल्फाँसो की किस्में बताई गई हैं।

३ = लेखक ने दुकानदार से कितने सेब खरीदे ?

उ० = आधा सेब

४ = लेखक ने सेब खाने के लिए प्रातः खाल ही क्यों निकले ?

उ० = क्योंकि रात में कोई भी फल खाने का नियम नहीं हैं।

५ = लेखक के पास कितने सेब सड़े निकले ?

उ० = लेखक के पास सारे सेब(चार ) सड़े निकले।

६ = किसने लेखक को जान भूझकर धोखा दिया ?

उ० = दुकानदार ने लेखक को जान भूझकर धोखा दिया।

७ =दुकानदार ने लेखक के बारे में क्या भांप लिया था ?

उ० = दुकानदार ने भांप लिया था की लेखक अपनी आँखों से काम नहीं लेता और न ही घर से सामान लौटने आएँगे।

८ = कहाँ जाने पर हमारी दुर्गति होगी लेखक के अनुसार ?

उ० = कचहरी या म्युनिसपिलिटी।

९ = फल खाने का सही समय कब माना गया हैं ?  

उ० = फल खाने का सही समय प्रातः काल माना गया हैं।

१० = प्रसन्नचित्त भाव से किसने अठनी लौटा दी और क्षमा माँगी ?

उ० = खोमचे वाले ने।

Long question answer

१. “आजकल शिक्षित समाज में विटामिन और प्रोटीन के शब्दों में विचार करने की पर प्रबृप्ति हो गई हैं।”तात्पर्य समझाइए ?

उ० = आजकल शिक्षित वर्ग के लोग खाने के मामले में विटामिन और प्रोट्रीन वाली सब्ज़ीयाँ तथा फल खाना जरुरी मानते हैं। जैसे गाजर टमाटर पहले कोई नहीं पूछता था परन्तु अब गरीबो को छोड़ अमीर लोग भी खाने लगे हैं। क्योंकि इनमे बहुत विटामिन होता हैं।

२. प्रातःकाल लेखक ने जब खाने के लिए सेब निकले तो उसने  क्या देखा ?

उ० = प्रातःकाल लेखक ने जब खाने के लिए सेब निकले तो वह सड़ा हुआ था दूसरा आधा सड़ा था तीसरा एक तरफ विल्कुल पिचका हुआ था व चौथे में एक काला सुराख था।

३. दुकानदार ने लेखक के बारे में समाज का चारित्रिक पतन के माध्यम से लेखक क्या कहना चाहते थे ?

उ० = समाज का चरित्रिक पतन के माध्यम से लेखक कहना चाहते है की आजकल दुकानदार जिस तरह जान भूजकर धोखेबाज़ी का व्यवहार करते हैं। इससे पता चलता है की समाज के इस चरित्रिक पतन हो गया हैं जैसे लेखक का जानबूझकर दुकानदार ने सड़ा हुआ सेब दे दिया था वह सज़ा योग्य नहीं था।

४. आदमी बेईमानी कब करता हैं ?

उ० = आदमी बेईमानी तब करता है जब उसे अवसर मिलता हैं, या बेईमानी को अवसर देना, चाहे वह अपने ढीले पन से ही या सहज विश्वास से, बेईमानी में सहयोग देना हैं।

५.  लेखक को पाठ से क्या आशा हैं ?

उ०=लेखक को पाठको से आशा से आशा हैं, कि पाठक बाजार में जाकर लेखक की तरह आँखे बंद न कर लिया करेंगे, नहीं तो उन्हें भी कश्मीरी सेब ही मिलेंगे।

६. मुहर्रम के मेले में लेखक के साथ कौन सी घटना घटी ?

उ०=मुहर्रम के मेले में एक बार लेखक एक खोमचेवाले से एक पैसे की रेवड़ियाँ ली थी और पैसे की जगह अठन्नी दे आया था घर आकर जब अपनी भूल मालूम हुई , तो खोमचेवाले के पास दौड़ा गया लेखक को तो आशा न थी पर पर खोमचेवाले ने प्रसन्नचित्त भाव से लेखक को अठन्नी ले आयी और उलटे क्षमामाँगी I

Fill in the blanks

१. गाजर में  भी बहुत_______________ हैं।

२. एक ____________ रोज खाइए तो आपको डॉक्टर की जरुरत न रहेगी।

३. फल खाने का समय तो _______________ हैं।

४. दुकानदार ने जान – भूझकर मेरे साथ ____________ का व्यवहार किया।

1. विटामिन

2. सेब

3. प्रातःकाल

4. धोखे -बाज़ी 

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